
विशेष संवाददाता
नई दिल्ली। संसद के बजट सत्र का दूसरा भाग चल रहा है. आज सुबह 11 बजे दोनों सदनों लोकसभा और राज्यसभा की कार्यवाही फिर शुरू हुई. लोकसभा में विपक्ष के आठ सांसदों का निलंबन वापस लेने के लिए प्रस्ताव पेश किया गया. इन सांसदों को पहले उनके असंसदीय व्यवहार के कारण पूरे बजट सत्र के लिए निलंबित कर दिया गया था.
स्पीकर ओम बिरला ने कहा कि यह सुनिश्चित करने की जरूरत है कि सदन में या संसद परिसर के अंदर कोई प्लेकार्ड, पोस्टर, फोटो या AI से बनी तस्वीरें न दिखाई जाएं.
इसके बाद रिजिजू ने सात कांग्रेस सांसदों और एक सीपीआईएम सांसद का निलंबन वापस लेने के लिए एक प्रस्ताव रखा, जिसे ध्वनि मत से पास कर दिया गया.
निलंबित किए गए सांसदों में कांग्रेस के गुरजीत सिंह औजला, हिबी ईडन, सी किरण कुमार रेड्डी, अमरिंदर सिंह राजा वारिंग, मणिकम टैगोर, प्रशांत पडोले और डीन कुरियाकोस, और CPI(M) के एस वेंटेकसन शामिल थे.
आठ सांसदों को 3 फरवरी 2026 को मौजूदा बजट सत्र के पहले भाग में लोकसभा में पास हुए एक प्रस्ताव के बाद ‘अभद्र’ व्यवहार के लिए सस्पेंड कर दिया गया था. उन्हें 2 अप्रैल को खत्म होने वाले बजट सत्र के पूरे समय के लिए सस्पेंड कर दिया गया था.
यह दुखद नजारा खत्म हो गया: शशि थरूर
विपक्ष के 8 सांसदों का निलंबन रद्द होने पर कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने कहा, “यह बहुत अच्छी बात है कि हमारे आठ साथियों का हर दिन सीढ़ियों पर बैठकर प्रदर्शन करना, कार्यवाही में हिस्सा न ले पाना, यह दुखद नजारा खत्म हो गया है. उन्हें सदन से बाहर रखने के लिए उनके फैसले या व्यवहार में जो भी गलतियां हुई हों, वह हमारे लोकतंत्र को नुकसान पहुंचाती हैं. मेरा मानना है कि दोनों तरफ से अच्छे व्यवहार का कुछ भरोसा दिया गया है, और मुझे उम्मीद है कि इसे बरकरार रखा जाएगा.”



