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बांग्लादेश में 20 साल बाद BNP की जीत:तारिक रहमान का PM बनना तय; देश को 35 साल बाद मिलेगा पुरुष प्रधानमंत्री

संवाददाता

ढाका। बांग्लादेश में गुरुवार को हुए आम चुनाव में बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (BNP) ने बड़ी जीत दर्ज की है। BNP ने 299 सीटों में से 209 हासिल कर बहुमत के लिए जरूरी 150 के आंकड़े को पार कर लिया। अब तक 286 सीटों के नतीजे घोषित हो चुके हैं।

जमात-ए-इस्लामी के नेतृत्व वाले 11 दलों के गठबंधन को अब तक 70 सीटें मिली हैं। जमात प्रमुख शफीकुर रहमान ने ढाका-15 सीट से जीत दर्ज की है। देश में करीब 20 साल बाद BNP की सरकार बनी है। 2008 से 2024 तक वहां शेख हसीना की आवामी लीग सत्ता में थी।

इस जीत के साथ पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया के बेटे और BNP अध्यक्ष तारिक रहमान का प्रधानमंत्री बनना लगभग तय माना जा रहा है। तारिक ने दो सीटों से चुनाव लड़ा था और दोनों पर जीत हासिल की है। वे पिछले साल दिसंबर में 17 साल बाद देश लौटे थे।

बांग्लादेश में 35 साल बाद कोई पुरुष प्रधानमंत्री बनेगा। 1988 में काजी जफर अहमद प्रधानमंत्री बने थे। इसके बाद 1991 से 2024 तक देश की राजनीति में पूर्व पीएम शेख हसीना और खालिदा जिया का दबदबा रहा। ये दोनों ही प्रधानमंत्री बनती रहीं।

तारिक रहमान का PM बनना लगभग तय

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तारिक रहमान 25 जनवरी को ब्रिटेन से बांग्लादेश लौटे थे। उनकी वापसी के सिर्फ पांच दिन बाद, पूर्व प्रधानमंत्री और उनकी मां खालिदा जिया का लंबी बीमारी के बाद निधन हो गया। इसके बाद बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (BNP) की कमान पूरी तरह उनके हाथों में आ गई।

तारिक पर 2001 से 2006 के BNP शासनकाल में भ्रष्टाचार के आरोप लगे थे। 2007 में अंतरिम सरकार के दौरान उन्हें 18 महीने जेल में रहना पड़ा था। गिरफ्तारी से बचने के लिए तारिक 2008 में लंदन भाग गए थे। तब उन्हें उस समय इलाज के लिए देश से बाहर जाने की अनुमति मिली थी। इसके बाद वे देश नहीं लौटे।

टाइम मैगजीन के मुताबिक देश से बाहर रहने के बावजूद बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (BNP) में तारिक को ही पार्टी का नेता माना जाता रहा। पार्टी की रणनीति, आंदोलन और राजनीतिक लाइन लंबे समय तक उन्हीं के इशारों पर तय होती रही।

तारिक रहमान खुद को शांत, सुनने वाला और पॉलिसी पर फोकस नेता की तरह पेश कर रहे हैं। वे हर साल 5 करोड़ पेड़ लगाने, ढाका में नए ग्रीन जोन बनाने और तकनीकी शिक्षा बढ़ाने की बात करते हैं।

बांग्लादेश में वोटिंग के दौरान झड़पें हुई

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बांग्लादेश में वोटिंग के दौरान कई जगहों पर झड़पें भी हुई। खुलना में एक वोटिंग सेंटर के बाहर जमात-ए-इस्लामी कार्यकर्ताओं के साथ झड़प में एक BNP नेता मोहिबुज्जमान कोच्चि की मौत हो गई।

दूसरी तरफ मुंशीगंज-3 और गोपालगंज सदर इलाके में वोटिंग सेंटर के बाहर देसी बम फेंके गए। गोपालगंज सदर इलाके में धमाके से 3 लोग घायल हो गए थे।

बांग्लादेश चुनाव को लेकर भारत ने नतीजों का इंतजार करने के लिए कहा है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि नतीजे आने के बाद ही यह देखा जाएगा कि जनादेश किस तरह का है।

बांग्लादेशी संविधान में भी बड़े बदलाव की तैयारी

बांग्लादेश में संविधान सुधार से जुड़े प्रस्तावों पर जारी जनमत संग्रह में अभी तक ‘हां’ वोट आगे चल रहा है। संसदीय चुनाव के दिन यानी कल ही सरकार ने संविधान सुधारों से जुड़े प्रस्तावों को लागू करने के लिए जनमत संग्रह कराया था।

अगर ‘हां’ जीतता है तो सरकार इन संविधान सुधारों को लागू कर सकेगी। इन बदलावों के तहत प्रधानमंत्री की कुछ ताकतें कम होंगी और राष्ट्रपति की कुछ ताकतें बढ़ेंगी।

संवैधानिक पदों पर नियुक्ति एक समिति करेगी, जिसमें सत्ताधारी दल, विपक्ष और कुछ मामलों में न्यायपालिका के प्रतिनिधि शामिल रहेंगे। अभी ज्यादातर कार्यकारी अधिकार प्रधानमंत्री के पास रहते हैं और राष्ट्रपति को अधिकतर फैसले प्रधानमंत्री की सलाह पर लेने पड़ते हैं।

जनमत संग्रह के पक्ष में रिजल्ट आने पर पर देश में दो सदनों वाली संसद बनेगी। तब संविधान में बदलाव करने के लिए निचले सदन में दो-तिहाई और ऊपरी सदन में बहुमत का समर्थन जरूरी होगा।

अगर ‘हां’ जीतता है तो अगले राष्ट्रीय चुनाव के बाद चुने गए प्रतिनिधि मिलकर एक संविधान सुधार परिषद बनाएंगे। यह परिषद अपनी पहली बैठक से 180 कार्यदिवस के भीतर सुधार का काम पूरा करेगी। हालांकि अगर परिषद तय समय में सुधार पूरा नहीं कर पाती है, तो आगे क्या होगा यह साफ नहीं बताया गया है।

प्रस्ताव यह भी कहते हैं कि कोई भी इंसान जीवन में अधिकतम 10 साल तक ही प्रधानमंत्री रह सकेगा। साथ ही प्रधानमंत्री अपनी पार्टी का प्रमुख नहीं रहेगा। हालांकि इस मुद्दे पर BNP की राय अलग है।

इन बदलावों के बाद राष्ट्रपति मानवाधिकार आयोग, सूचना आयोग, प्रेस काउंसिल, विधि आयोग, बांग्लादेश बैंक के गवर्नर और ऊर्जा नियामक आयोग जैसे पदों पर अपने अधिकार से नियुक्ति कर सकेंगे।

अमेरिका ने तारिक रहमान को जीत की बधाई दी

ढाका स्थित अमेरिकी दूतावास ने बांग्लादेश संसदीय चुनाव में जीत पर BNP और उसके अध्यक्ष तारिक रहमान को बधाई दी। दूतावास ने अपने फेसबुक पेज पर पोस्ट कर बांग्लादेश की जनता को सफल चुनाव कराने के लिए भी शुभकामनाएं दीं।

पोस्ट में कहा गया कि अमेरिका दोनों देशों की समृद्धि और सुरक्षा के साझा लक्ष्य को हासिल करने के लिए बांग्लादेश के साथ मिलकर काम करने को तैयार है।

पीएम मोदी ने तारिक रहमान को बधाई दी

पीएम मोदी ने तारिक रहमान को बांग्लादेश चुनाव में जीत पर बधाई दी है। उन्होंने कहा कि यह जीत दिखाती है कि बांग्लादेश की जनता को आपके नेतृत्व पर भरोसा है। भारत हमेशा एक लोकतांत्रिक और आगे बढ़ते हुए बांग्लादेश के साथ खड़ा रहेगा। हम दोनों देशों के रिश्तों को और मजबूत करने और मिलकर विकास के लिए काम करने को तैयार हैं।

 

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