latest-newsएनसीआरगाज़ियाबाद

गाजियाबाद के सरकारी स्कूल में छात्रों को परोसा गया घटिया खाना, लैब रिपोर्ट में खुलासा; 9 में से सिर्फ दो सैंपल पास

संवाददाता

गाजियाबाद । समाज कल्याण विभाग द्वारा निडोरी में संचालित जयप्रकाश नारायण सर्वोदय विद्यालय में कक्षा छह से 12 तक में पढ़ रहीं कुल 382 छात्राओं के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ किए जाने का पर्दाफाश खाद्य सुरक्षा विभाग के लैब रिपोर्ट में हुआ है।

इस विद्यालय में 18 जनवरी की रात को खाना खाने के बाद 18 छात्राएं बीमार हो गई थीं, फूड प्वाइजनिंग से छात्राएं बीमार हुई थीं। इसके बाद खाद्य सुरक्षा विभाग ने 20 जनवरी को विद्यालय जाकर खाद्य पदार्थाें के नौ नमूने लिए।

वहीं, इन नमूनों की लैब में जांच की गई तो पता चला कि खाद्य पदार्थाें के महज दो नमूने ही जांच में पास हुए हैं, सात सब स्टैंडर्ड की श्रेणी में हैं। सब स्टैंडर्ड का मतलब है कि खाद्य पदार्थ भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण द्वारा निर्धारित गुणवत्ता मानकों को पूरा नहीं करता है।

खाद्य सुरक्षा विभाग की ओर से सरसों के तेल, रिफाइंड सोयाबीन तेल, पनीर, पिसी मिर्च, पिसी हल्दी, के अलावा खाने के लिए तैयार चावल, सब्जी, दलिया, चना दाल के नमूने लिए गए। इनमें से महज चावल और दलिया के सैंपल ही जांच में पास मिले हैं। सरसों के तेल, रिफाइंड सोयाबीन तेल, पनीर, पिसी मिर्च, पिसी हल्दी और चावल के नमूने सब स्टैंडर्ड के मिले हैं। इनमें जिस पनीर का नमूना जांच को लिया गया था, वह मदर डेयरी ब्रांड का है।

छात्राओं ने बीमार होने के बाद बताया था कि उन्होंने दोपहर में खाने में पनीर की सब्जी खाई थी, इसके बाद शाम को उनकी तबीयत बिगड़ी। ऐसे में स्पष्ट है कि विद्यालय में खराब गुणवत्ता वाले खाद्य पदार्थाें से तैयार खाने को छात्राओं को खाने के लिए परोसा जा रहा था, ऐसा करके छात्राओं के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा था।

पहले भी मिली थी शिकायत

जयप्रकाश नारायण सर्वोदय विद्यालय में छात्राओं की भोजन की व्यवस्था राधे-राधे प्रेरणा संकुल स्तरीय संगठन स्वयं सहायता समूह द्वारा किया जाता है। इस समूह को खराब गुणवत्ता का खाना परोसने के मामले में पिछले साल सितंबर, अक्टूबर और दिसंबर माह में जिला समाज कल्याण अधिकारी द्वारा नोटिस देकर स्पष्टीकरण मांगा गया है।

आरोप है कि छात्राओं को परोसे जा रहे भोजन में दाल में अधिक पानी, सब्जी में अधिक मिर्च और नमक डाल दिया जाता है। रात को छात्राओं को दिए जाने वाले दूध की गुणवत्ता भी खराब रहती है। विद्यालय में भोजन का कार्य देख रही संस्था का कार्य संतोषजनक न होने पर इस मामले में जिला समाज कल्याण अधिकारी के अनुरोध पर अब समाज कल्याण विभाग के निदेशक संजीव सिंह ने भोजन परोसने का कार्य किसी अन्य संस्था से कराने के लिए नामित कराने के लिए मिशन निदेशक को पत्र लिखा है।

भोजन परोसने वाली संस्था चयन पर भी उठे थे सवाल

जयप्रकाश नारायण सर्वोदय विद्यालय में छात्राओं की भोजन की व्यवस्था का कार्य कर रही राधे-राधे प्रेरणा संकुल स्तरीय संगठन स्वयं सहायता समूह का चयन होने पर विकास भवन में तैनात एक अधिकारी पर सवाल भी खड़े हुए थे।

आरोप था कि नियमों को दरकिनार कर संस्था का चयन किया गया था, इसकी लिखित शिकायत भी हुई थी लेकिन संस्था को बदला नहीं गया। अधिकारियों ने दावा किया था कि नियम के तहत संस्था का चयन किया गया है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
WP2Social Auto Publish Powered By : XYZScripts.com