
संवाददाता
ग्रेटर नोएडा। नॉलेज पार्क-3 स्थित पीआईआईटी कॉलेज में होली पर्व ‘रंगोत्सव’ का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में पारंपरिक फाग, उत्सव गीतों और नृत्य ने रंग जमा दिया। पूरा कॉलेज परिसर रंग में सराबोर हो उठा और दोपहर से शाम तक गुलाल उड़ता रहा। छात्र-छात्राएं, शिक्षक व अन्य स्टॉफ जहां ‘रंग बरसे…’ पर जमकर थिरके, वहीं कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि समाज कल्याण फेडरेशन ऑफ इंडिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष व वरिष्ठ पत्रकार डॉ. जितेन्द्र बच्चन ने सामाजिक सौहार्द, सांस्कृतिक जुड़ाव व आपसी प्रेम का संदेश दिया। उन्होंने प्राकृतिक और सुरक्षित होली मनाने का आह्वान करते हुए समस्त देशवासियों को शुभकामनाएं दी है।
डॉ. बच्चन ने रंगोत्सव को संबोधित करते हुए कहा कि होली केवल रंगों का पर्व नहीं, बल्कि आपसी प्रेम, सौहार्द, संस्कृति और भाईचारे के साथ सामाजिक एकता का प्रतीक है। जिंदगी में प्यार और मानवता का होना बहुत जरूरी है, इन रंगों के बिना जिंदगी रंगहीन है। इसलिए हम यह नि:संदेह कह सकते हैं कि ऐसे आयोजन पारिवारिक एवं सांस्कृतिक परंपराओं को जीवित रखने का माध्यम बनते हैं। उन्होंने कहा कि हमारे भारत की लोकसंस्कृति और परंपराएँ ही हमारे देश की असली पहचान हैं, जिन्हें सहेजना और अगली पीढ़ी तक पहुंचाना भी हम सभी की जिम्मेदारी है।

संस्थान के चेयरमैन डॉ. भरत सिंह और निदेशक आर. के. शाक्य ने भी सभी को गुलाल लगाकर शुभकामनाएं देते हुए आपसी प्रेम, भाईचारे और सौहार्द की कामना की। साथ ही कहा कि होली के इस सामाजिक उत्सव के आयोजन ने कॉलेज परिसर को रंगों, खुशियों और उर्जा से भर दिया है। ऐसे उत्सव मनाने की परंपरा छात्र- छात्राओं को देश की सभ्यता और संस्कृति से जोड़े रखती है। इस दौरान विद्यार्थियों ने गुरुजनों के साथ-साथ चेयरमैन और विशिष्ट अतिथि का भी तिलक लगाकर अभिनंदन किया।
“रंग दे गुलाल मोहे…” गीत पर कॉलेज की छात्राएं व शिक्षिकाओं ने चंदन, अबीर और फूलों की होली खेलते हुए एक दूसरे को फागुन की बधाई दी। पीआईआईटी की मिथलेश मैम होली गीत पर सांस्कृतिक प्रस्तुति देकर आकर्षण का केंद्र रहीं। साथ ही उन्होंने सभी से प्राकृतिक रंगों से पर्यावरण अनुकूल होली मनाने की अपील की। अंत में गुझिया, गुलाल और अन्य उपहार वितरित किया गया। इस अवसर पर कॉलेज के डीन, प्रवक्ता आदि उपस्थित रहे।



