
संवाददाता
गाजियाबाद। बांग्लादेश में हुई दीपू दास और अन्य हिंदुओं की हत्या कोई नया मामला नहीं है। हिंदुओं के साथ यह 1400 साल से होता आ रहा है। बांग्लादेश से पहले पाकिस्तान और कश्मीर में ऐसा होता रहा है। इंटरनेट मीडिया के कारण अब हिंदुओं को इस बारे में पता चल रहा है। ऐसे में अपने बचाव के लिए हिंदुओं को आईएसआईएस जैसा आत्मघाती दस्ता बनाने की जरूरत है। जिसकी कार्यप्रणाली भी आईएसआईएस जैसी होनी चाहिए। तभी हिंदू बच सकेंगे। अन्यथा उनकी हत्या होती रहेगी। यह बयान शिवशक्ति धाम डासना के पीठाधीश्वर यति नरसिंहानंद गिरि महाराज ने दिया है। उनका यह वीडियो इंटरनेट मीडिया पर तेजी से प्रसारित भी हो रहा है।
उन्होंने हिंदू रक्षा दल के प्रमुख पिंकी चौधरी की तरफ से गाजियाबाद में हिंदुओं को तलवार बांटे जाने का समर्थन करते हुए कहा कि उनको इससे अधिक घातक हथियार बांटने चाहिए। हथियार कम से कम ऐसे हों जिनसे आतंकियों का सामना किया जा सके।
उन्होंने बांग्लादेश में हुईं हत्या का वीडियो प्रसारित होने को लेकर कहा कि पूरा हिंदू समाज इन वीडियो को देखकर अवसाद की स्थिति में है क्योंकि कोई कुछ कर नहीं सकता है। लोग बस देख रहे हैं और समझ रहे हैं कि आज जो इनके साथ हो रहा है कल हमारे साथ हो सकता है।
गाजियाबाद में तलवार बांटे जाने को लेकर यति ने कहा कि यह अपराध करने के लिए नहीं बांटी गई, यह इस मंशा से बांटी गईं कि कल कोई बांग्लादेश जैसी घटना हो तो बेचारे हिंदू अपने बचाव का प्रयास कर सकें। मेरा कहना है कि बांटना ही था तो कोई ऐसा हथियार बांटते जब जरूरत पड़ने पर हिंदू अपनी रक्षा कर लेते। कम से कम ऐसे हथियार तो बांटते जो आतंकवादियों के हथियारों से बेहतर होते। इन हथियारों से कुछ होने वाला नहीं है लेकिन फिर भी हिंदुओं का मनोबल बांटने का जो काम पिंकी चौधरी और उनके कार्यकर्ताओं ने किया है वह प्रशंसनीय है।
यति ने अपनी जान को खतरा बताते हुए कहा कि एक सरिया चोर शादाब उनकी हत्या करना चाहता है। उसको अंतरराष्ट्रीय आतंकी गिरोह का साथ और पुलिस अधिकारियों का संरक्षण है।
यति ने कहा, ‘मेरे पास बचने का कोई तरीका नहीं है क्योंकि मैं पुलिस की सुरक्षा पर निर्भर हूं, जब आएगा मुझे मार ही देगा। लेकिन सारे हिंदू कीड़े मकोड़े की तरह न मरें, इसके लिए हिंदुओं को बहुत गंभीरता से सोचना चाहिए। हिंदुओं को अब बजरंगदल फजरंगदल, ये दल, वो दल छोड़कर ऐसे संगठन बनाना चाहिए जैसा आइएसआइएस है, कम से कम उसकी कार्यप्रणाली आइएसआइएस जैसी होनी चाहिए अपने धर्म के लिए इस तरह का काम करें तभी हिंदू बच सकेगा।



